गोविंद सागर बांध ललितपुर (Govind Sagar Dam Lalitpur) जिले के पास घूमने के लिए एक और मुख्य पर्यटन स्थल है। इस बांध की मुख्य विशेषता यह है कि यह बांध सायफन प्रणाली पर आधारित है और सायफन प्रणाली भारत के बहुत कम बांध में इस्तेमाल की गई है। यह बांध बहुत बड़े क्षेत्र में फैला हुआ है और बेतवा नदी की सहायक नदी शहजाद नदी पर बना हुआ है। इस स्थान में भी आप घूमने के लिए आ सकते हैं और अच्छा समय बिता सकते हैं।
ललितपुर का एक और खूबसूरत डैम – गोविंद सागर बांध
गोविंद सागर बांध (Govind Sagar Bandh) ललितपुर शहर (Lalitpur city) में घूमने के लिए एक अच्छी जगह है। गोविंद सागर बांध (Govind Sagar Bandh) शहर का मुख्य आकर्षक है। इस बांध का निर्माण शहजाद नदी पर 1947-1953 के दौरान किया गया था। यह भारत के पुराने बांधों में से एक है। इस बांध में साइफन टेक्नोलॉजी (Siphon Technology) का उपयोग किया गया है।
साइफन तकनीक (Siphon Technology) का उपयोग कर बनाए गए बांध में यह सबसे पुराना बांध है। साइफन तकनीक (Siphon Technology) का प्रयोग करके भारत में 3 और बांध बनाए गए है, जिसमें से भारत का भागडा नांगल बांध (Bhagda Nangal Dam) भी शामिल है। साइफन तकनीक (Siphon Technology) में बांध का जलस्तर बढा जाता है, तो बांध का पानी स्वयं ही निकल जाता है।
गोविंद सागर बांध (Govind Sagar Bandh) ललितपुर शहर (Lalitpur city) के मध्य में स्थित है। यह बांध ललितपुर रेलवे स्टेशन (Lalitpur Railway Station) से 2 किमी दूर हैं। बांध के द्वारा ललितपुर शहर की पानी की आपूर्ति पूरी होती है। आप यहां पर बरिश के मौसम में आते है, तो गेट खोलने का आनंद ले सकता है।
बारिस में इस डैम के जब गेट खुलते हैं तो बहुत ही मनमोहक दृश्य होते हैं। यह पर अपार जल राशि बरिश के मौसम में निकलती है। पहली पंचवर्षीय योजना में इस डैम का निर्माण हुआ था। यह बांध साइफन तकनीक (Siphon Technology) के कारण प्रसिध्द है। यहाँ आकर आप पिकनिक मना सकते हैं। इस बांध को पीने के पानी के उद्देश्य के लिए शहजाद नदी पर बनाया गया है।
आप अगर गोविद सागर बांध (Govind sagar bandh) में जाने का प्लान बनाते है, तो अपने वाहन से जायें या आप चाहे तो टैक्सी या ऑटो बुक कर सकते है। परिवार और दोस्तों के साथ आने के लिए यह एक बढ़िया जगह है।
आप यहां पर नहा भी सकते है। बरसात में जब बांध ओवरफलो होता है, या कह जाये बांध का जलस्तर खतरे का पार चला जाता है, जिससे बांध को नुकसान हो सकता है, तो साइफन प्रणाली से बांध से पानी निकल जाता है। आप यहां जाकर अच्छा समय बिता सकते है। यह पर दोस्तो और परिवार के साथ आया जाता है। यह पर बरसात में बहुत ज्यादा संख्या में लोग आते है।
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